Tue. Sep 27th, 2022

नींबू के बारे में तो हमारे स्वास्थ्य रक्षकों की यही मान्यता है कि-“नींबू लाख दुःखों की एक दवा है ।” नींबू हर रोग में काम आ सकता है । इनमें से कुछ प्रमुख रोग इस प्रकार हैं जिनके लिए नींबू अति उपयोगी है। आओ देखें

कब्जा

कब्ज रोग के बारे में आपको पहले भी बताया जा चुका है कि यह ऐसा रोग है जिससे सब बिमारियाँ जन्म लेती हैं । इसलिए कब्ज के बारे में कभी भी लापरवाही के नाम न लें । कब्ज रोग के लिए-एक नींबू का रस और शक्कर मिलाकर एक मास तक सुबह उठकर पीने से पुरानी कब्ज भी दूर हो जाती है ।

पेचिश

जब कोई रोगी पेचिश से चिन्तित हो तो उसे दूध में नींबू निचोड़कर पीने से यह रोग ठीक हो जाता है । नमक नींबू का रस पानी में मिलाकर पीने से भी दस्त रोग ठीक हो जाता है।

उल्टी तथा दिल मिचलाना

जब भी किसी आदमी को उल्टी आती हो, दिल कच्चा होता हो, उसे नींबू काटकर थोड़ा गर्म करके उस पर काली मिर्च और काला नमक डालकर चूसते रहने से यह रोग ठीक हो जाता है । पानी के एक गिलास में काला नमक, काली मिर्च को लेकर एक पूरे नींबू का रस डालकर उसे पी जाने से उल्टी आना तथा जी का मिचलाना ठीक हो जाता है।

संग्रहणी

पेट के भयंकर रोगों में संग्रहणी रोग की गिनती होती है। इस रोग के उपचार के लिए नींबू बहुत ही गुणकारी माना गया है। इसके लिए आप एक कागजी नींबू को बीच से काटकर उसमें जरा सी अफीम जो मूंग की दाल के दाने से अधिक बड़ी न हो पीसकर भर दें । फिर उसे धागे में बाधकर हल्की आँच पर लटकाएँ । थोड़ी देर के पश्चात् नीचे उतारकर जब हल्का सा गर्म रह जाए तो उसका रस चूस लें । यह नींबू दिन में तीन बार चूस लें और कम से कम एक सप्ताह तक इसका उपचार करने से संग्रहणी रोग से मुक्ति मिल जायेगी।

पेट में गैस के गोले

जिस प्राणी के पेट में गैस के गोले उठते हों उसे एक नींबू का रस निकालकर आधे गिलास पानी में डालकर पिलाने से यह रोग ठीक हो जाता है ।

सिर दर्द

सिर दर्द होने पर चाय में नींबू निचोड़ कर पीने से सिर का दर्द ठीक हो जाता है । यदि सिर में चक्कर आ रहे हों तो गर्म पानी में नींबू को निचोड़ कर पीने से रोग ठीक हो जायेगा ।

जोड़ों का दर्द

जोड़ों के दर्द के रोगियों को जिस स्थान पर दर्द होता हो वहाँ पर नींबू के रस की मालिश करें । इससे दर्द ठीक हो जायेगा।

गठिया

एक गिलास पानी में एक कागजी नींबू को निचोड़कर हर रोज सुबह उठते ही पी लें। इससे आपका गठिया रोग ठीक हो जायेगा । यह उपचार चालीस दिन तक चलना चाहिए।

चर्म रोग

चर्म रोगों में नींबू अत्यन्त लाभकारी सिद्ध हुआ है । जैसे फोड़े, फँसी, दाद, खाज जैसे अन्य कई रोग आपको तंग करें तो उन पर नींबू कर रस निकालकर लगाएँ तथा उस पर मालिश करते रहें और नीबूं का रस पानी में डालकर स्नान करने से चर्म रोग ठीक हो जाते हैं।

कील मुहांसे

एक पूरे नींबू का रस पानी में निचोड़कर उस रस से चार गुना गिलिसरीन मिला लें। चेहरे को उससे साफ करने से आपका रूप रंग निखर आयेगा व कील मुहांसे समाप्त हो जायेंगे । एक चम्मच गर्म दूध पर जमने वाली मलाई पर नींबू को निचोड़कर बराबर मात्रा में लगाने से भी कील मुहांसे साफ हो जाते

सफेद बालों की समस्या

आज युवा वर्ग की सबसे बड़ी समस्या यही है कि उनके बाल जवानी की आयु में ही सफेद होते जा रहे हैं । इस चिन्ता को दूर करने के लिए मिलिये मि. नींबू से और-

नींबू का रस निकालकर उसमें पिसा हुआ आंवला मिलाकर नहाने से पूर्व बालों में खूब मल लिया करें तो उसके बाल सफेद होने से रूक जायेंगे तथा इसके साथ ही बालों का झड़ना भी बन्द हो जायेगा ।

यदि बाल तेजी से झड़ने लग जाएँ तो भी आंवले के रस वाले पानी में नींबू निचोड़कर उनसे बालों को धोते रहें । धोने के पश्चात् आंवले का तेल बालों पर लगाएँ । निरन्तर तीन मास का यह कोर्स आपके बालों को सफेद होने तथा झड़ने से भी रोकेगा ।

बुखार

जिस बुखार में रोगी को बार-बार प्यास लगे और उसका गला खुश्क होता रहे, बुखार भी काफी तेज हो, ऐसे रोगी को तेज गर्म पानी में नींबू निचोड़कर पिलाने से बुखार कम हो जाएगा फिर इतनी प्यास भी नहीं लगेगी।

दाद

यह रोग भले ही छोटा है मगर है खतरनाक । इस रोग से रोगी बहुत दुःखी हो जाता है । इसलिए जैसे ही आपको दाद रोग के लक्षण नजर आएँ तभी उस स्थान पर नींबू का रस निकाल कर लगा दें। दिन में तीन चार बार लगाने से रोग दूर हो जायेगा।

मलेरिया बुखार

मलेरिया बुखार तेज सर्दी लगकर ही चढ़ता है। ऐसे रोगी को काला नमक तथा काली मिर्च दोनों को बारीक पीसकर कागजी नींबू में भर लें। फिर रोगी को उसे चूसने के लिए दें । बस थोड़े समय के पश्चात् बुखार कम होना शुरु हो जायेगा ।

पीलिया का बुखार

पीलिया बुखार कभी-कभी बहुत घातक सिद्ध होता है। ऐसे रोगी को दिन में पाँच छह बार नींबू का रस पानी में डालकर पिलाते रहने से यह रोग ठीक हो जाता है ।

फ्लू

नजला, जुकाम, जब नाक से बहने लगते हैं तो हम उसे फ्लू कहते हैं । जिसमें व्यक्ति को तेज बुखार भी हो जाता है। ऐसे रोगी को गर्म पानी में नींबू का रस डालकर पिलायें तो उसे फ्लू से मुक्ति मिल जायेगी । यदि बुखार अधिक तेज हो तो उसमें थोड़ा शहद भी मिला सकते हैं । इससे फ्लू का आक्रमण विफल हो जायेगा ।

मोटापा रोग

देश में बढ़ता हुआ मोटापा रोग बहुत चिन्ता का विषय बनता जा रहा है। लोग इसे कम करने के लिए न जाने कहाँ-कहाँ भाग रहे हैं ? हर डॉक्टर मोटापे के उपचार के नाम पर लूट रहा है । इस रोग का उपचार घर पर ही कर सकते हैं –

एक नींबू थोड़ा नमक, 250 ग्राम हल्का गर्म पानी मिलाकर सुबह उठकर पीने से मोटापा कम हो जायेगा । इस काम को निरन्तर चालू रखें। तभी आप पूर्ण रूप से स्वस्थ हो पाएँगे । चर्बी वाली सब चीजों का प्रयोग बन्द कर दें। चिकनाई भी कम कर दें, सादा भोजन, फल, फूल, सब्जियों का प्रयोग अधिक मात्रा में करें ।

ब्लड प्रेशर (रक्त चाप)

हृदय की कमजोरी को दूर करने के लिए नींबू का प्रयोग करना बहुत जरूरी है। इसके निरन्तर प्रयोग से रक्त वाहनियों में लचीलापन तथा कोमलता आ जाती है, हाई ब्लड प्रेशर (उच्च रक्त चाप) के रोगियों के लिए नींबू बहुत लाभकारी है ।

ब्लड प्रेशर के रोगियों को दिन में तीन चार बार नींबू का रस पानी में घोलकर पीना चाहिए । इसे सदा ही पीते रहें तो अधिक अच्छा रहेगा । इससे दिल सदा शक्तिशाली बना रहेगा। ऐसे लोगों को हार्ट अटैक होने का डर भी नहीं रहता ।

दाँतों के रोग

दाँत के रोगों के लिए, नींबू के छिल्कों को धूप में सुखाकर इन्हें अच्छी तरह पीसकर मन्जन की भांति बना लें । इससे दाँतों के कीड़े भी मर जाते हैं । जिन लोगों के मसूड़ों में पीप पड़ जाता है और खून निकलता हो वह रोग भी इससे दूर हो जाते हैं । इसे हर रोज सुबह उठकर करें और रात को सोते समय निरन्तर करते रहने से दाँत चमकते भी हैं और मजबूत भी हो जाते हैं ।

दमा

दमा रोग बहुत ही कष्टदायक है । इसके बारे में तो यह कहा जाता है कि यह दम के साथ ही जाता है । परन्तु यदि आप नींबू को गर्म पानी में डालकर दमें का दौरा पड़ते ही सेवन करें तो आप उस कष्ट से बच सकते हैं । यदि आप हर रोज सुबह के समय नींबू के रस को दो चम्मच शहद के साथ मिलाकर सेवन करते रहें तो दमा दम के साथ न जाकर पहले ही भाग जायेगा ।

कमजोरी को दूर

करने के लिए किशमिश 40 ग्राम, मुनक्का 6 नग, बादाम की गिरी 6, पिस्ता 6 नाग रात को आधा किलो पानी में किसी तांबे या मिट्टी के बर्तन में भिगोकर सुबह अच्छी तरह पीसकर इसे बारीक कपड़े या छलनी में छान लें, इसमें एक चम्मच शहद और एक नींबू निचोड़कर निहार मुँह पियें तो आपके शरीर की सारी कमजोरी दूर हो जायेगी साथ ही नया खून बनकर आप अनेक रोगों से मुक्ति पा लेंगे। यह नुस्खा 40 दिन तक प्रयोग में लायें ।

मिरगी

मिरगी के रोगी को नींबू के रस के साथ हींग मिलाकर देने से मिरगी की दौरा नहीं पड़ता ।

आँखों का भयंकर रोग मोतियाबिन्द

मोतियाबिन्द के कारण हमारे देश में हजारों लोग अपनी आँखों से हाथ धोकर अन्धे हो जाते हैं । इसलिए इस रोग का उपचार बड़ी सावधानी से करें । छोटी मधुमक्खी का शहद 10 चम्मच, 1 चम्मच अदरक का रस, एक चम्मच नींबू का रस, एक चम्मच प्याज का रस, इन सबको मिलाकर बारीक छलनी में छान लें। हर रोज सुबह और रात को सोते समय ड्रापर से एक-एक बूँद आँखों में डालते रहने से मोतियाबिन्द बिल्कुल साफ हो जायेगा ।

जिगर के रोगों के लिए

एक कागजी नींबू को लेकर उसके दो टुकड़े कर लें । इसके अन्दर के बीज निकाल कर आधे नींबू के चार भाग इस प्रकार से करें कि वे चारों आपस में नीचे से जुड़े रहे। इसके एक भाग में काली मिर्च पिसी हुई, दूसरे भाग में बारीक पिसा काला नमक, तीसरे भाग में सौंठ का चूर्ण और चौथे में मिश्री का बारीक चूर्ण रखें, रात को किसी बर्तन में ढककर रख दें । इस नींबू को हल्की आँच पर गर्म करें और खाना खाने से पहले उसे चूस लें। यह नुस्खा कम से कम 21 दिन तक प्रयोग में लाने से पेट के सारे रोग ठीक हो जायेंगे तथा जिगर भी ठीक काम करेगा ।

चिंता से मानसिक परेशानी

आजकल लोग चिंता के बोझ तले दबे, मानसिक परेशानियों का शिकार हो रहे हैं। जिन लोगों को रात को नींद नहीं आती । नींद न आने से सिर में दर्द रहने लगता है । ऐसे लोगों को नींबू की चाय बनाकर पीनी चाहिए । इस बात का ध्यान रहे कि यह चाय में दूध नहीं डालना चाहिए । जब चाय बनकर तैयार हो तो दूध के स्थान पर नींबू का रस डाल देना चाहिए एक कप चाय में एक नींबू का रस ठीक रहता है । इस के सेवन से मानसिक रोग मिट जाते हैं ।

दिल के दौरे

दिल का दौरा पड़ने वाले रोगियों के लिए नींबू का सेवन बहुत लाभकारी सिद्ध होता है। यदि वे निरंतर नींबू के रस का सेवन करते रहें तो दिल के रोग से मुक्त हो सकते हैं ।

नशे से बचने के लिए

कई लोग जब अधिक नशा करके बहक जाते हैं तो उनके नशे को उतारने के लिए नींबू का रस पानी में मिलाकर देंने से नशा उतरने लगता है ।

Disclaimer: यहां दी गई जानकारी किसी चिकित्सकीय सलाह का विकल्प नहीं है । इनको केवल जानकारी के रूप में लें । इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें ।

Leave a Reply

Your email address will not be published.